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छत्तीसगढ़ में पहले चरण में 66 प्रतिशत से अधिक मतदान

रायपुर 12 नवम्बर।छत्तीसगढ़ में पहले चरण की 18 विधानसभा सीटों पर मतदान शान्तिपूर्ण सम्पन्न हो गया।इस चरण में लगभग 66 प्रतिशत मतदान हुआ है।लोगो ने नक्सली धमकी को दरकिनार कर घुर नक्सल इलाके में भी मतदान में हिस्सा लिया।

राज्य निर्वाचन अधिकारी सुब्रत साहू ने आज यहां पत्रकारों को बताया कि जिन 10 सीटो पर मतदान सुबह सात बजे से तीन बजे तक हुआ,वहां 52 प्रतिशत मतदान हुआ है,जबकि जिन आठ सीटों पर सुबह आठ बजे से पांच बजे तक मतदान हुआ वहां 70 प्रतिशत मतदान होने की सूचना है।उन्होने बताया कि 10 सीटों एवं आठ सीटो के मतदान की अभी अन्तिम रिपोर्ट नही मिली है।आठ सीटों पर भी मतदान की रिपोर्ट शाम चार बजे तक की है।उन्होने बताया कि अन्तिम रिपोर्ट मिलने पर मतदान का प्रतिशत बढ़ सकता है।

उन्होने बताया कि पहले चरण की 18 सीटो में से 10 अति संवेदनशील सीटों मोहला मानपुर, अन्तागढ़,भानुप्रताप पुर,कांकेर,केशकाल, कोन्डागांव, नारायणपुर, दंतेवाड़ा, बीजापुर एवं कोन्टा में सुरक्षा कारणों से मतदान सुबह सात बजे शुरू हुआ था।यहां मतदान तीन बजे समाप्त हो गया। जबकि इस चरण की शेष आठ सीटो खैरागढ़,डोगरगढ़,डोगरगांव, राजनांदगांव,खुज्जी, बस्तर,जगदलपुर एवं चित्रकोट में मतदान सुबह आठ बजे शुरू हुआ और शाम पांच बजे तक मतदान हुआ।

उन्होने सुदूर एवं घुर नक्सल प्रभावित इलाकों में भी निडर होकर मतदाताओं के मतदान करने पर निर्वाचन आयोग की तरफ से उनके प्रति आभार जताया।उन्होने बताया कि दंतेवाड़ा जिले के कटे कल्याण में बूथ नम्बर 183 के निकट नक्सलियों ने आईडी विस्फोट किया लेकिन इससे कोई हताहत नही हुआ.बीजापुर के भैरमगढ़ में सुरक्षा बलों ने दो आईडी बरामद कर उसे निष्क्रिय कर दिया।बीजापुर जिले के पामेड में मुठभेड़ में कोबरा बटालियन के दो जवान घायल हो गए।इन घटनाओं से मतदान पर कोई असर नही पड़ा।

उन्होने बताया कि सुदूर एवं घुर नक्सल इलाकों के मतदान केन्द्रों से 217 मतदान दलों को हेलीकाप्टर से वापस लाना है जिसमें 46 दलों को आज वापस लाया गया है।शेष दलों को मतदान केन्द्र पर ही सुरक्षा कारणों से रूकने के निर्देश दिए गए है।इन्हे कल सुबह निकाला जायेगा।मतदान दलों की सुरक्षा के लिए सभी जरूरी बन्दोबस्त किए गए है।

इस चरण में जिन 190 उम्मीदवारों का राजनीतिक भाग्य ईवीएम में कैद हो गया उनमें मुख्यमंत्री डा.रमन सिंह भी शामिल है।डा.सिंह राजनांदगांव सीट से उम्मीदवार है जिनका सीधा मुकाबला कांग्रेस उम्मीदवार पूर्व प्रधानमंत्री स्वं अटल बिहारी वाजपेयी की भतीजी करूणा शुक्ला से है।इसके अलावा दो प्रमुख उम्मीदवारों स्कूल शिक्षा मंत्री केदार कश्यप एवं वन मंत्री महेश गागड़ा का राजनीतिक भाग्य ईवीएम में कैद हो गया जोकि क्रमशः नारायणपुर एवं बीजापुर सीटो से उम्मीदवार है।